Mwud Unviels High Quality Clad – Exterior Grade Laminate at IIR 2019

person access_time2 18 November 2019

पहले से ही नकदी की कमी के कारण पेमेंट कि दिक्क्तों से परेशान वुड पैनल उद्योग और व्यापार उनके गो-डाउन, शोरूम, कारखानों और स्टॉक पॉइंट्स में बाढ़ के पानी की वाटरलॉगिंग के कारण एक और मुसीबत से जूझ रहा हैं।  मध्यप्रदेश, राजस्थान, महाराष्ट्र, कर्नाटक, यूपी और हाल ही में बिहार जैसे राज्यों में वुड पैनल ट्रेड के व्यापारी भारी बारिश और अभूतपूर्व बाढ़ के कारण बुरी तरह प्रभावित हुए हैं।

औद्योगिक ब्लॉक में वॉटरलॉगिंग के कारण उनके सामान नष्ट होने और उत्पादन को रोकने के कारण व्यापारियों को करोड़ों रुपये का नुकसान हुआ है। इनका गो-डाउन भारी वर्षा और पहाड़ी क्षेत्र और नदियों के पानी से भर गया। उदाहरण के लिए मध्य प्रदेश में गांधी सागर बांध और राजस्थान के अन्य जलाशयों के साथ-साथ नदी से ऊपरी क्षेत्रों में भी बाढ़ आ गई, जिसने एमपी और राजस्थान में व्यापारियों और निर्माताओं के लिए  परेशानी खड़ी कर दी।

प्लाई रिपोर्टर का सर्वे बताता है कि बिहार के पटना, हाजीपुर, मुजफ्फरपुर जैसे कई कस्बे और जिले, एमपी में विदिशा, रायसेन,राजगढ़, मंदसौर, राजस्थान में बारां, भीलवाड़ा, बूंदी, चित्तौड़गढ़, कोटा आदि बाढ़ के कारण प्रभावित हैं। नुकसान बहुत बड़ा है, जो स्थानीय और राष्ट्रीय समाचार पत्रों में प्रकाशित रिपोर्ट से भी पता चलता है। लंबे समय से बाढ़ और जल भराव के कारण कुछ राज्यों के प्रमुख राष्ट्रीय और राज्य राजमार्ग छतिग्रस्त हो गए हैं, जिससे सामान लाने ले जाने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।

हाल ही में मॉनसून के अंत में उत्तरी क्षेत्र तथा हिमालयी रेंज में भारी वर्षा हुई, जिसके कारण बिहार में गंगा नदी के पास के कई औद्योगिक ब्लॉक जैसे पाटलिपुत्र और हाजीपुर में स्थित प्लाइवुड उद्योग जल भराव से बुरी तरह प्रभावित हैं। प्लाइवुड, एमडीएफ और पार्टिकल बोर्ड के शोरूम और गो-डाउन में पानी भर गया जिसके चलते राज्य में उद्योग और व्यापार को भारी नुकसान हुआ है। एक अनुमान के अनुसार पटना और आस-पास के क्षेत्रों में व्यापारियों के माल और मशीनरी नष्ट होने से लगभग 50 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। बिक्री भी बुरी तरह प्रभावित हुई है और लोग आश्रय स्थलों में रहने को मजबूर हैं।

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