NGT Queries on UP License Hits Machinery Demand

person access_time4 14 November 2019

प्लाई रिपोर्टर अनुमान के अनुसार उत्तर भारत में हर आने वाले दिनों में पोपलर टिम्बर की कीमतों में वृद्धि हो रही है, जिससे प्लाइवुड कारखानों पर अतिरिक्त बोझ बढ़ गया है, क्योंकि पिछले कुछ हफ्तों में उनकी उत्पादन लागत में बदलाव आया है। बाजार की रिपोर्ट के मुताबिक पॉपुलर लकड़ी की कीमतें प्रत्येक दिन के आधार पर पिछले 3 महीनों से लगातार बढ रही हैं और पिछले एक साल में इसकी कीमत दोगुनी हो चुकी है। यमुनानगर के प्लाइवुड निर्माताओं ने प्लाई रिपोर्टर टीम को बताया कि पोपलर की नई दरें हर रोज आती हैं, जो मंडी में पहले की तुलना में बहुत अधिक हैं।

साथ ही उत्पादक अब टिम्बर के गर्थ साइज के कम होने और गुणवत्तायुक्त लकड़ी को लेकर भी परेशान हो रहे हैं, जिससे परोक्ष रूप से प्लाइवुड मैन्यूफैक्चरिंग, डोर्स और ब्लॉक बोर्ड की लागत बढ़ रही हैं। यहां तक कि टिंबर व्यापारी भी वर्तमान में कीमतों की तुलना में लकड़ी की गुणवत्ता से खुश और संतुष्ट नहीं हैं। उन्हें 15 से 24 इंच तक के लॉग डायमीटर के मिश्रित लॉग मिल रहे हैं, लोअर गर्थ टिम्बर के लिये उन्हें ज्यादा भुगतान करने को मजबूर किया जा रहा है।

मार्केट रिपोर्ट है कि फरवरी के अंतिम सप्ताह में पोपलर की कीमतें 900 रूपये प्रति क्विंटल तक पहुंच गई हैं। एक बार कीमतें स्थिर हो सकती हैं लेकिन जल्द ही इसके 1000 अंक तक और मजबूत होने की उम्मीद है। प्लाइवुड इंडस्ट्रीज में कच्चे माल की इस उच्च लागत के बोझ को सहन करने में अत्यधिक असमर्थता देखी जा रही है और इस कारण इंडस्ट्री तैयार माल की कीमतों को बढ़ाने के प्रयास कर रही है।

बाजार की रिपोर्ट के अनुसार पोपलर की कीमतों को चरणों में बढ़ाने की घोषणा की गई है और वर्तमान में सभी पोपलर प्लाइवुड और ब्लॉक बोर्डों पर प्रभावी रूप से 10 फीसदी की वृद्धि हुई है। विभिन्न बाजार रिपोर्ट के अनुसार एल्टरनेट प्लाइवुड की कीमतें भी 5 से 6 प्रतिशत तक बढ़ायी गयी हैं। उत्पादकों ने बाजार में पोपलर प्लाई और ब्लॉक बोर्ड्स की कीमतों में वृद्धि की स्वीकृति की पुश्टि की है, लेकिन उच्च आपूर्ति और कमजोर पैमेंट कलेक्शन के कारण अल्टरनेट प्लाइवुड सेगमेंट में गला काट प्रतियोगिता है। उद्योग कीमतों में इस तरह के इजाफे की स्थिति के लिए नई इकाइयों की संख्या बढ़ने के साथ उनकी उच्च क्षमता को दोषी ठहराता है।

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